सुल्तानपुर गौर की आवाज ब्यूरो।जीडी गोयनका स्कूल में जनगणना प्रशिक्षण के दौरान हुए लिफ्ट हादसे के बाद जिला प्रशासन और शिक्षक संगठनों के बीच बना गतिरोध रविवार को खत्म हो गया। करीब 11 शिक्षक-शिक्षिकाओं के घायल होने की घटना के बाद नाराज शिक्षक संगठनों ने प्रशिक्षण के बहिष्कार और धरने का ऐलान किया था। रविवार दोपहर करीब दो बजे प्रशासनिक अधिकारियों और शिक्षक संगठनों के प्रतिनिधियों के बीच हुई वार्ता में सहमति बनने के बाद धरना समाप्त कर दिया गया। प्रशासन ने घायलों के इलाज का पूरा खर्च उठाने और उन्हें आवश्यक सहायता उपलब्ध कराने का भरोसा दिया। इसके बाद शिक्षक संगठनों ने जनगणना प्रशिक्षण के बहिष्कार का आह्वान स्थगित कर दिया। घायलों के इलाज का पूरा खर्च उठाएगा प्रशासन

रविवार को प्रशासन और शिक्षक संगठनों के प्रतिनिधियों के बीच हुई बातचीत में हादसे में घायल सभी 11 शिक्षक-शिक्षिकाओं के उपचार को लेकर प्रमुखता से चर्चा हुई। प्रशासन की ओर से घायलों के इलाज का पूरा खर्च उठाने और जरूरत के मुताबिक मदद देने पर सहमति जताई गई। इस आश्वासन के बाद शिक्षक संगठनों ने अपना आंदोलन समाप्त करने का निर्णय लिया। इससे कई दिनों से चल रहे विवाद पर विराम लग गया।
एसडीएम सदर को प्रशिक्षण की जिम्मेदारी से हटाया
प्रशासन ने इस मामले में रविवार को एक महत्वपूर्ण प्रशासनिक बदलाव भी किया। एसडीएम सदर गरिमा सोनकिया को इसौली में आयोजित प्रशिक्षण कार्यक्रम की जिम्मेदारी से हटा दिया गया। उनकी जगह सिटी मजिस्ट्रेट प्रीति जैन को प्रशिक्षण कार्यक्रम की जिम्मेदारी सौंपी गई। वार्ता में सहमति बनने के बाद शिक्षकों ने भी प्रशिक्षण में शामिल होने पर अपनी सहमति जताई। इससे जनगणना प्रशिक्षण दोबारा शुरू होने का रास्ता साफ हो गया।
शिक्षक संगठनों ने प्रशासन का जताया आभार

उत्तर प्रदेशीय प्राथमिक शिक्षक संघ के कुड़वार ब्लॉक अध्यक्ष निजाम खान ने कहा कि प्रशासनिक अधिकारियों और शिक्षक संगठनों के प्रतिनिधियों के बीच सकारात्मक बातचीत हुई, जिसके बाद गतिरोध समाप्त हो गया। उन्होंने भगवती ट्रामा सेंटर के चिकित्सक डॉ. सीएल रस्तोगी के सेवाभाव की सराहना करते हुए उनका विशेष आभार जताया। कहा कि संकट की घड़ी में घायलों को चिकित्सा सहायता उपलब्ध कराना सराहनीय रहा।
वार्ता में कई संगठनों के पदाधिकारी रहे मौजूद

प्रशासन की ओर से वार्ता में एडीएम (वित्त एवं राजस्व) राघवेंद्र प्रताप सिंह, सिटी मजिस्ट्रेट प्रीति जैन, तहसीलदार अभिनव सिंह, बीएसए उपेंद्र गुप्ता और प्रभात पांडेय शामिल हुए।वहीं शिक्षक संगठनों की ओर से उत्तर प्रदेशीय प्राथमिक शिक्षक संघ के जिलाध्यक्ष दिलीप पांडेय, संयुक्त मंत्री प्रशांत पांडेय, अखिल भारतीय संबद्ध शिक्षक संघ के अध्यक्ष दिनेश उपाध्याय और मंत्री राम आशीष मौर्य मौजूद रहे।
राष्ट्रीय शैक्षिक महासंघ की ओर से अशोक सिंह, मनोज मौर्य, धर्मेंद्र त्रिपाठी और मोहम्मद मुज्तबा ने वार्ता में भाग लिया। आदर्श शिक्षामित्र वेलफेयर एसोसिएशन के मंत्री प्रदीप यादव, राम प्रसाद मिश्रा, रमन तिवारी, अवधेश पांडेय और लेखपाल रईस अहमद समेत विभिन्न शिक्षक संगठनों के पदाधिकारी भी मौजूद रहे।
प्रशिक्षण शुरू होने की जगी उम्मीद

प्रशासन और शिक्षक संगठनों के बीच सहमति बनने के बाद आंदोलन समाप्त होने से जनगणना संबंधी कार्यों को गति मिलने की उम्मीद है। शिक्षकों ने प्रशिक्षण में शामिल होने पर सहमति जताई है। वहीं घायलों के उपचार का खर्च उठाने के प्रशासन के आश्वासन से शिक्षक संगठनों ने राहत जताई है।
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